#Quote
More Quotes
कभी तो चौक के देखे कोई इंसान तरफ, किसी की आंख में हमको भी इंतजार दिखे।
दिल में कुछ जलता है, शायद दुआ धुआ सा लगता है। आंख में कुछ अच्छा है, शायद सपना कोई सुलगता है।
वह बचपन की शरारते, वह झूलों पर खेलना, वह मां का डांटना, वह पापा का लाड-प्यार, पर एक चीज और जो इन सब मैं खास है, वह है मेरी प्यारी बहन का प्यार!
थोड़ा सा हसाके, थोड़ा सा रुलाके, पल ये भी जाने वाला है।
ऐ उमर अगर दम है तो कर दे इतनी सी खाता। बचपन तो छीन लिया, बचपना छीन कर बता।
एक पर्व ही बताता है कि ख्याल कितना है, वरना कोई तराजू नहीं होता रिश्तों में।
याद है हमारा वो बचपन, वो लड़ना – झगड़ना और वो मना लेना, यही होता है भाई – बहन का प्यार, और इसी प्यार को बढ़ाने के लिए आ रहा है रक्षा बंधन का त्यौहार|
इक ज़रा चेहरा उधर कीजे, इनायत होगी आप को देख के। बड़ी देर से मेरी सांस रुकी है।
थोडा सा रफू करके देखिये ना, फिर से नई सी लगेगी। जिंदगी ही तो है।
हमें उम्र से हमने तुमको चाहा है, जिस उम्र में हम जिस्म से वकीफ ना थे..