#Quote

ज़रा सी वक़्त ने करवट क्या ली, गैरों की लाइन में सबसे आगे अपनों को पाया हमने!

Facebook
Twitter
More Quotes
ठुकरा दिया जिन्होंने मुझे मेरे वक्त को लेकर ऐसा वक्त लाऊंगा की मिलेंगे मुझसे वो लोग थोड़ा वक्त लेकर।
फिर पलट रही हैं सर्दियों की सर्द शामें, फिर तेरी यादों में जलने के ज़माने आये!
मुझे दोस्ती करनी हैं इस वक़्त के साथ
पर वक़्त बीत रहा है कागज के टुकड़े कमाने के लिए।
जिंदगी में अगर बुरा वक्त नहीं आता तो अपनों में छुपे हुए गैर और गैरों में छुपे हुए अपनों का कभी पता न चलती
दिल पर लग जाती है उन्हें अक्सर हमारी बातें, जो कहते थे तुम कुछ भी बोलो बुरा नहीं लगता!
वक्त से लड़कर जो नसीब बदल दे, इंसान वही जो अपनी तक़दीर बदल दे
ज़रा सी वक़्त ने करवट क्या ली ! गैरों की लाइन में सबसे आगे अपनों को पाया हमने.
वक्त जब शिकार करता है हर दिशा से वार करता है.
वक्त का काम तो गुजरना है, अच्छा है तो शुक्र करो, बुरा है तो सब्र!