#Hindi Quote
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हार और जीत सिक्के के दो पहलू की तरह होते हैं, पहले के बिना दूसरा और दूसरे के बिना पहला अधूरा होता है।
परिश्रम वह चाबी है, जो किस्मत का दरवाजा खोल देती है।
आपके माता-पिता आपकी पढ़ाई के लिए अपना सब कुछ न्योछावर करते हैं, आप का भी कर्तव्य बनता है कि आप अपनी पढ़ाई के लिए दिन रात एक कर दें।
किताबों से बढ़कर सच्चा दोस्त और कोई नहीं हो सकता। यह आपके सुख-दुख तथा जीवन के हर पड़ाव में आपका साथ देता है।
बिना कठोर परिश्रम सिर्फ परेशानियाँ बढ़ती है ख़ुशियाँ नहीं।
आपकी मेहनत आपकी सफलता की गारंटी है ।
ज्ञान सिर्फ किताबों से ही नहीं मिलता, जीवन की परिस्थितियां भी इंसान को बहुत कुछ सीखा देती हैं।
हार और जीत सिक्के के दो पहलू की तरह होते हैं, पहले के बिना दूसरा और दूसरे के बिना पहला अधूरा होता है।
पिता के परिश्रम को सम्मानित करते विचार
अपनी मेहनत पर भरोसा रखो, किस्मत खुद ही बदल जाएगी ।