#Hindi Quote
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समझ नहीं आता किस पर भरोसा करू,
अजीज भी वो है, नसीब भी वो है, दुनिया की भीड़ में करीब भी वो हे, उनकी दुआओं से ही चलती है जिंदगी, क्योंकि खुदा भी वो है, तकदीर भी वो है।
जब ज़िंदगी आपको पीछे धकेल दे, तो समझ जाना एक बड़ी छलांग लगाने का वक़्त आ गया है।
जबतक शिक्षा का मकसद नौकरी पाना होगा, तब तक समाज में नौकर ही पैदा होंगे, मालिक नहीं
जब शौक के लिए वक्त ना मिले तो समझ लेना की जिंदगी शुरू हो गई हैं.
बेटी की तरफ से अपने पिता के लिए
भावुक करने वाले विचार
पिता के परिश्रम को सम्मानित करते विचार
सबसे खुशकिस्मत है वह इंसान, जिसके पास है पिता के प्यार की बेशुमार
जिंदगी में उस चीज की अहमियत किसी को समझ नहीं आती जो उसके_पास पहले से ही हो।